संत के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट मामले में सागर से तीन संदिग्ध हिरासत में
सागर/अशोकनगर। दिगंबर जैन समाज के प्रमुख संत मुनि श्री सुधा सागर जी महाराज के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित रूप से आपत्तिजनक और अभद्र टिप्पणियां प्रसारित किए जाने के मामले में अशोकनगर पुलिस ने जांच तेज कर दी है। मामले में साइबर सेल की मदद से कार्रवाई करते हुए सागर से तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है।
जानकारी के अनुसार, पिछले कई महीनों से विभिन्न जैन सोशल मीडिया समूहों में मुनि श्री सुधा सागर जी महाराज के संबंध में आपत्तिजनक पोस्ट और संदेश साझा किए जा रहे थे। इनमें एक मोबाइल नंबर 7354297110 भी शामिल बताया गया है, जो कथित रूप से “अरहम” नाम से सक्रिय था। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि इस आईडी के माध्यम से विभिन्न ग्रुपों में विवादित सामग्री पोस्ट की जा रही थी।
मामले को लेकर अशोकनगर जैन समाज के अध्यक्ष राकेश काशल ने कोतवाली थाना अशोकनगर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299, 352 और 353(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की।
साइबर जांच के दौरान संबंधित मोबाइल नंबरों की लोकेशन सागर जिले में मिलने पर पुलिस टीम ने दबिश दी। सूत्रों के अनुसार पुलिस ने सागर से तीन युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिनमें दो मुस्लिम और एक हिंदू युवक शामिल बताए जा रहे हैं। पूछताछ के दौरान कुछ अन्य नाम भी सामने आए हैं।
जांच के दौरान सागर निवासी राजेश जैन का नाम भी चर्चा में आया है। बताया जा रहा है कि पुलिस ने उनसे भी पूछताछ की है और बयान दर्ज कराने के लिए नोटिस जारी किया गया है। सूत्र बताते हैं उक्त आरोपी जैन ही हैं और इन्होंने मुस्लिम युवकों के नाम से सिमे खरीदी थी, बहरहाल मामला जांच में बताया जा रहा हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभी जांच प्रारंभिक चरण में है और किसी भी व्यक्ति की भूमिका के संबंध में अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। साइबर साक्ष्यों, मोबाइल रिकॉर्ड और सोशल मीडिया गतिविधियों की विस्तृत जांच की जा रही है।
उधर जैन समाज के लोगों ने मामले को गंभीर बताते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। समाज के पदाधिकारियों का कहना है कि धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाले और समाज में भ्रम फैलाने वाले लोगों को कानून के दायरे में लाया जाना चाहिए।
पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मामले में अन्य लोगों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।


