विधार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए सजग हुआ प्रशासन : अग्रणी महाविद्यालय में प्राचार्यों ने तैयार की आगामी रणनीति

0
विधार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए सजग हुआ प्रशासन : अग्रणी महाविद्यालय में प्राचार्यों ने तैयार की आगामी रणनीति
विद्यार्थियों के प्रति स्नेह और सेवाभाव से उन्हें मानसिक उलझन से बचना संभव – डॉ सरोज गुप्ता
सागर।  विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण के प्रति उच्च शिक्षा विभाग की गंभीरता को देखते हुए जिला स्तरीय निगरानी समिति (DLMC) की एक महत्वपूर्ण बैठक पं. दीनदयाल उपाध्याय शासकीय (अग्रणी) महाविद्यालय में आयोजित की गई। विगत 29 अप्रैल को डिप्टी कलेक्टर रजत सोनी की अध्यक्षता में लिए गए निर्णयों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु आयोजित इस बैठक में जिले के विभिन्न शासकीय एवं अशासकीय महाविद्यालयों के प्राचार्यों और मानसिक स्वास्थ्य क्लब प्रभारियों ने सहभागिता की। बैठक की अध्यक्षता समिति की सचिव एवं अग्रणी महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता ने की।
अध्यक्षीय उद्बोधन में डॉ. सरोज गुप्ता ने गुरु को समाज में ज्ञान और आनंद का प्रेरणा स्रोत बताते हुए कहा कि यदि शिक्षक विद्यार्थियों के प्रति स्नेह और सेवाभाव रखें, तो उनकी किसी भी मानसिक उलझन को आसानी से सुलझाया जा सकता है। उन्होंने जिले में चल रहे जागरूकता कार्यक्रमों की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए समस्त स्टाफ को पारस्परिक सहयोग के निर्देश दिए। इसी क्रम में रणनीति पर चर्चा करते हुए मकरोनिया प्राचार्य डॉ. ए.सी. जैन ने विद्यार्थियों को प्रवेश स्तर से ही इन गतिविधियों में शामिल करने का सुझाव दिया, तो वहीं रहली महाविद्यालय के प्राचार्य ने हेल्पलाइन नंबरों के व्यापक प्रचार-प्रसार पर बल दिया। विद्यार्थियों के शारीरिक और मानसिक संतुलन हेतु डॉ. संजय खरे ने नियमित योग व मेडिटेशन शिविरों की आवश्यकता बताई।
विमर्श को आगे बढ़ाते हुए शाहपुर की डॉ. किशोरी सोनी ने एक गंभीर पक्ष रखते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मानसिक समस्याओं को अक्सर भ्रांतियों से जोड़कर देखा जाता है, अतः अभिभावकों का उन्मुखीकरण करना अनिवार्य है। गढ़ाकोटा प्राचार्य डॉ. घनश्याम भारती ने किशोरवय की भावनात्मक समस्याओं के लिए उचित मार्गदर्शन को जरूरी बताया, जबकि शाहगढ़ प्राचार्य डॉ. रणवीर सिंह ने खेलों के माध्यम से तनाव मुक्ति का मार्ग सुझाया।
 बीना पीजी कॉलेज के मो. रफीक शेख ने छात्र, शिक्षक और अभिभावकों की नियमित बैठकों का प्रस्ताव रखा ताकि संवाद का चक्र निरंतर बना रहे।
इस महत्वपूर्ण बैठक में अग्रणी महाविद्यालय की प्रशासनिक अधिकारी डॉ. इमराना सिद्दीकी सहित डॉ. रणबीर सिंह, डॉ. अखिलेश सिंह (नरयावली), डॉ. विनोद कुमार सानोडिया (खुरई), डॉ. शैलेंद्र सकवार (बंडा), डॉ. अक्षय जैन, हरिशंकर सेन, शाहबाज सनी, डॉ. रेखा तिवारी, नमिता काछी, प्रियांशी राजोरिया एवं निजी संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। अंत में अग्रणी महाविद्यालय की मानसिक स्वास्थ्य क्लब प्रभारी श्रीमती रेणु सोलंकी ने सभी का आभार व्यक्त किया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here