गंभीर अनियमितताओं पर जनपद पंचायत की सीईओ निलंबित  

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गंभीर अनियमितताओं पर छतरपुर जनपद पंचायत बिजावर की सीईओ श्रीमती अंजना नागर निलंबित  

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सागर। संभाग कमिश्नर अनिल सुचारी ने छतरपुर जिले की जनपद पंचायत बिजावर की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती अंजना नागर को कलेक्टर द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव के आधार पर निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई वित्तीय अनियमितताओं, शासकीय निर्देशों के उल्लंघन एवं अनुशासनहीनता के आरोपों के बाद की गई है।

कलेक्टर जिला छतरपुर के प्रतिवेदन के अनुसार श्रीमती अंजना नागर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत बिजावर जिला छतरपुर द्वारा ग्राम पंचायत अनगौर, जनपद पंचायत बिजावर में स्वीकृत नन्दन फलोद्यान के कार्यों में बिना कार्य कराए नियम विरूद्व राशि का भुगतान किया गया। श्रीमती नागर नियमित रूप से मुख्यालय पर निवास नही करती, अनुवंधित वाहन से संबंधित लॉगबुक, पीओएल तथा टूर डायरी संधारित नही पाई गई। जनपद पंचायत बक्स्वाहा के ग्राम रोजगार सहायकों को संपर्कता सर्वे का मानदेय भुगतान न कर शासकीय निर्देशों का उल्लंघन किया गया, श्रीमती नागर द्वारा ग्राम रोजगार सहायकों को अपने स्तर से ही बिना किसी सक्षम आदेश के जनपद पंचायत में सबद्ध किया गया है, कार्यालय जनपद पंचायत नौगाँव के आदेश दिनांक 03-12-2021 के द्वारा अन्य विभाग के सेवानिवृत्त कर्मचारी श्री संतोष सिंह लेखापाल एवं श्री शिवदयाल अरजरिया पीसीओ को आउट सोर्स कर्मचारी के रूप में जनपद पंचायत से पारिश्रमिक भुगतान के अध्याधीन कार्यालय जनपद पंचायत में संबद्ध किया गया। श्री आकाश शर्मा सहायक ग्रेड-3 को 03 वर्ष 09 माह की अवधि तक अनाधिकृत अनुपस्थित होने के उपरांत भी नियम विरूद्ध तरीके से ज्वाईन करा लिया गया। श्रीमती नागर को माननीय लोकायुक्त कार्यालय भोपाल में में नियम पेशी दिनांक 20-01-2026 को उपस्थित होने हेतु निर्देशित किये जाने के उपरांत भी पेशी में अनुपस्थित रही। श्रीमती नागर को जारी कारण बताओ नोटिस दिनांक 24-02-2026 के संबंध में उनके द्वारा जबाव प्रस्तुत नही किया गया।

कलेक्टर छतरपुर से प्राप्त प्रस्ताव दिनांक 01-04-2026 के अवलोकन एवं परिशीलन उपरांत श्रीमती अंजना नागर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत बिजावर जिला छतरपुर प्रथम दृष्ट्या दोषी प्रतीत हो रही है। श्रीमती नागर द्वारा किया गया उक्त कृत्य अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन में स्वेच्छाचारिता, लापरवाही व अनुशासनहीनता का द्योतक होकर म०प्र० सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के नियम 3 के उपनियमका उल्लंघन है। अतएव श्रीमती अंजना नागर को म०प्र० सिविल सेवा (वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम 09 अन्तर्गत प्रदत्त अधिकारों का उपयोग करते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।

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