ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में उतरे सागर के केमिस्ट, प्रधानमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन
सागर। जिला औषधि विक्रेता संघ, सागर द्वारा ऑनलाइन दवा बिक्री और ई-कॉमर्स कंपनियों की मनमानी के विरोध में एक दिवसीय सांकेतिक हड़ताल कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से संघ ने अवैध ऑनलाइन दवा बिक्री पर तत्काल रोक लगाने और छोटे मेडिकल व्यापारियों के हितों की रक्षा करने की मांग उठाई।
संघ के अध्यक्ष अशोक कुमार जैन एवं सचिव अनिल कुमार जैन ने बताया कि वर्तमान में कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म बिना वैध चिकित्सकीय परामर्श और ई-प्रिस्क्रिप्शन के दवाओं की बिक्री कर रहे हैं, जो जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है। साथ ही भारी छूट (डीप डिस्काउंटिंग) और प्रीडेटरी प्राइसिंग के जरिए छोटे दवा व्यापारियों को आर्थिक नुकसान पहुंचाया जा रहा है।
ज्ञापन में कहा गया कि कोविड महामारी के दौरान जारी GSR 220(E) अधिसूचना का अब दुरुपयोग किया जा रहा है, जबकि वर्तमान परिस्थितियों में इसकी आवश्यकता नहीं है। संघ ने मांग की कि GSR 817(E) एवं GSR 220(E) को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए तथा बिना वैध और सत्यापित ई-प्रिस्क्रिप्शन के दवाओं की होम डिलीवरी पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाए।
संघ ने यह भी कहा कि केमिस्ट और दवा विक्रेता देश की स्वास्थ्य सेवा व्यवस्था की मजबूत कड़ी हैं। कोविड काल जैसी कठिन परिस्थितियों में भी दवा व्यापारियों ने निरंतर दवा आपूर्ति सुनिश्चित कर अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
दवा विक्रेताओं ने सरकार से जनहित, जनस्वास्थ्य और मरीजों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अवैध ऑनलाइन दवा कारोबार के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की है।



