Sunday, December 7, 2025

किसान का बेटा बना डिप्टी कलेक्टर, सुरखी पहुंचने पर नगरवासियों ने फूल-मालाओं से किया भव्य स्वागत

Published on

spot_img
किसान का बेटा बना डिप्टी कलेक्टर, सुरखी पहुंचने पर नगरवासियों ने फूल-मालाओं से किया भव्य स्वागत
सागर। संघर्ष और मेहनत की मिसाल पेश करते हुए सागर जिले की सुरखी विधानसभा के छोटे से गांव खमकुआ के निवासी यशपाल स्वर्णकार ने एमपीएससी परीक्षा 2023 में प्रदेश स्तर पर तीसरा स्थान प्राप्त कर गांव और जिले का नाम रोशन किया है। उनका चयन डिप्टी कलेक्टर के पद पर हुआ है।
रविवार सुबह लगभग 11 बजे जब यशपाल सुरखी पहुंचे तो नगरवासियों ने गाजे-बाजे, फूल-मालाओं और मिठाइयों के साथ उनका भव्य स्वागत किया। हर ओर “यशपाल स्वर्णकार जिंदाबाद” के नारे गूंज उठे।
यशपाल के पिता रामनरेश स्वर्णकार एक किसान हैं। उनका पैतृक गांव खमकुआ है, जहां परिवार की खेती-बाड़ी होती है। वर्तमान में परिवार सुरखी में निवास करता है। यशपाल की प्राथमिक शिक्षा खमकुआ के स्कूल में हुई, जबकि कक्षा 9वीं से 12वीं तक की पढ़ाई उन्होंने शासकीय कृषि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, सुरखी से पूरी की।
यशपाल ने बताया, गांव से निकलकर इस मुकाम तक पहुंचना मेरे लिए सौभाग्य की बात है। इसमें मेरे शिक्षकों, माता-पिता और परिजनों का अमूल्य सहयोग रहा। पांच प्रयासों के बाद मैंने यह सफलता हासिल की है।
उन्होंने युवाओं से प्रेरणादायक संदेश देते हुए कहा, उम्मीद कभी न छोड़ें। धैर्य और लगन से आगे बढ़ें, प्रतिफल अवश्य मिलेगा। अपने लक्ष्य के प्रति ईमानदार रहें दूसरे के लिए नहीं, खुद के लिए।”इस सफलता ने न केवल यशपाल के परिवार को गौरवान्वित किया है, बल्कि पूरे सागर जिले में खुशी की लहर दौड़ गई है।
सागर जिले के ग्राम खमकुआं निवासी यशपाल स्वर्णकार ने एमपीपीएससी की राज्य सेवा परीक्षा 2023 में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। वे डिप्टी कलेक्टर बने हैं। वह अभी आडिट सेवा में है। वह साल 2021 में भी इस परीक्षा में चयनित हुए थे। फिर वह 2022 में जीएसटी इंस्पेक्टर पर चयनित हुए। यह उनका तीसरा चयन है। उन्होंने कहा कि लगातार प्रयास से यह हुआ है।यशपाल अपने परिवार में पहले सदस्य हैं जिन्होंने सरकारी नौकरी हासिल की है।
यशपाल ने अपनी शुरुआती पढ़ाई सरकारी स्कूल से की थी। उन्होंने बताया बीएससी करने के बाद साल 2019 में एमपीपीएससी की तैयारी शुरू की थी। प्री व मेंस क्लीयर होने के बाद इंटरव्यू भी दिए। उनके पिता नरेश स्वर्णकार खेती करते हैं। वे दो भाई, दो बहन हैं। इसमें यशपाल सबसे छोटे हैं। परिवार ने उन्हें पढ़ाई के लिए इंदौर भेजा था। जहां रहकर तैयारी की।

Latest articles

थोक पॉलीथिन विक्रेता के गोदामों से 100 क्विंटल अमानक पॉलीथिन जप्त, निगमायुक्त की कार्यवाही

थोक पॉलीथिन विक्रेता के गोदामों से 100 क्विंटल अमानक पॉलीथिन जप्त, निगमायुक्त की कार्यवाही सागर।...

79वां होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा स्थापना दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया

79वां होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा स्थापना दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया सागर। 79वें होमगार्ड तथा...

गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी वर्ष पर शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में हुई भाषण प्रतियोगिता

गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी वर्ष पर शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में...

खाद्य में शुरू हुई डिजिटल मॉनिटरिंग क्रांति, मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने लॉन्च किए तीन हाई-टेक ऐप

खाद्य में शुरू हुई डिजिटल मॉनिटरिंग क्रांति, मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने लॉन्च किए...

More like this

थोक पॉलीथिन विक्रेता के गोदामों से 100 क्विंटल अमानक पॉलीथिन जप्त, निगमायुक्त की कार्यवाही

थोक पॉलीथिन विक्रेता के गोदामों से 100 क्विंटल अमानक पॉलीथिन जप्त, निगमायुक्त की कार्यवाही सागर।...

79वां होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा स्थापना दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया

79वां होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा स्थापना दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया सागर। 79वें होमगार्ड तथा...

गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी वर्ष पर शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में हुई भाषण प्रतियोगिता

गुरु तेग बहादुर के 350वें शहीदी वर्ष पर शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में...
khabarkaasar
khabarkaasarhttps://khabarkaasar.com/
हिंदी पत्रकारिता के क्षेत्र में 2006 से सक्रिय विभिन्न समाचार पत्रों और मैगजीन में कार्यरत रहा हूँ बदलते परिवेश के साथ डिजिटल मीडिया तेजी से ग्रोथ पर हैं "खबर का असर डॉट डॉम" न्यूज़ वेबसाइट पर कार्य करते हुए लंबा अनुभव हो गया। यहां स्वतंत्र रूप से निष्पक्ष पत्रकारिता करने का अच्छा अवसर मिल, आप सब पाठकों का स्नेह और सहयोग रूपी व्यू हिट्स भी लाखों में दर्ज हो रहे हैं। केवल खबरो पर केंद्रित यह न्यूज़ वेबसाइट जनता की आवाज बन चुकी हैं।