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सागर में MPPSC मुख्य परीक्षा को लेकर सख्ती, 90 मिनट पहले केंद्र पहुंचना होगा; जूते-मोजे समेत कई चीजों पर रोक

By: गजेंद्र ठाकुर
सागर में MPPSC मुख्य परीक्षा को लेकर सख्ती, 90 मिनट पहले केंद्र पहुंचना होगा; जूते-मोजे समेत कई चीजों पर रोक
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सागर में MPPSC मुख्य परीक्षा को लेकर सख्ती, 90 मिनट पहले केंद्र पहुंचना होगा; जूते-मोजे समेत कई चीजों पर रोक

7 से 12 सितंबर तक तिली रोड स्थित शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में होगी परीक्षा, 114 अभ्यर्थी होंगे शामिल; प्रवेश से पहले तीन चरणों में होगी जांच

सागर। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग की राज्य सेवा एवं राज्य वन सेवा मुख्य परीक्षा-2026 प्रदेश के 12 संभाग एवं जिला मुख्यालयों में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जा रही है। परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए इस बार केंद्र पर प्रवेश की प्रक्रिया में फिस्किंग और बायोमेट्रिक पहचान की नई व्यवस्था लागू की गई है। इसके चलते सभी परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने से कम से कम 90 मिनट पहले केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य किया गया है।

राज्य सेवा मुख्य परीक्षा के दौरान केंद्र में प्रवेश से पहले अभ्यर्थियों की तीन स्तरों पर जांच की जाएगी। इसमें एचएचएमडी के जरिए तलाशी, प्रवेश पत्र की स्कैनिंग और बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण शामिल है। दोनों सत्रों में परीक्षार्थियों को इस प्रक्रिया से गुजरना होगा। इसके बाद ही उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश दिया जाएगा।

ट्रांसजेंडर अभ्यर्थियों को फिस्किंग के लिए महिला या पुरुष कर्मचारी में से अपनी पसंद के कर्मचारी का विकल्प दिया जाएगा।

सागर में एक केंद्र पर परीक्षा, 114 अभ्यर्थी होंगे शामिल

सागर जिला मुख्यालय पर परीक्षा का आयोजन 7 सितंबर 2026 से 12 सितंबर 2026 तक शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय, तिली रोड, सागर में किया जाएगा। परीक्षा एक ही सत्र में सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक होगी। जिले में कुल 114 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल होंगे।

लोक सेवा आयोग, इंदौर ने परीक्षा के लिए सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी श्री आर. सी. पंवार को पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। उनका मोबाइल नंबर 8989007068 है।

परीक्षा की तैयारियों को लेकर संभागायुक्त कार्यालय में केंद्राध्यक्ष, पर्यवेक्षक, उड़नदस्ता प्रभारी, सुरक्षा अधिकारी सहित परीक्षा से जुड़े अधिकारियों की बैठक हुई। संभागायुक्त श्री अनिल सुचारी ने अधिकारियों को आयोग की ओर से जारी सभी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा की सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरी कर ली जाएं और संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। संबंधित अधिकारियों को शनिवार तक सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।

जूते-मोजे पहनकर परीक्षा कक्ष में प्रवेश नहीं

परीक्षा में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के इस्तेमाल को रोकने के लिए अभ्यर्थियों के पहनावे और साथ लाए जाने वाली वस्तुओं को लेकर भी स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं। परीक्षा कक्ष में जूते-मोजे पहनकर प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। अभ्यर्थी चप्पल या सैंडल पहनकर आ सकते हैं। चेहरे को ढंककर परीक्षा कक्ष में प्रवेश भी प्रतिबंधित रहेगा।

परीक्षार्थियों को पेंसिल, रबर, व्हाइटनर, स्केल, बैग, पठन सामग्री, मोबाइल फोन, पेनड्राइव, कैलकुलेटर, ब्लूटूथ डिवाइस, हैंडफ्री, डिजिटल या स्मार्ट घड़ी, एनालॉग घड़ी अथवा किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक एवं संचार उपकरण साथ लाने की अनुमति नहीं है।

इसके अलावा क्लचर या बक्कल, हाथ में पहने जाने वाले मैटेलिक अथवा चमड़े के बैंड, बेल्ट, कफलिंक, धूप का चश्मा, पर्स या वॉलेट और टोपी भी प्रतिबंधित वस्तुओं में शामिल हैं। चाबी, लाइटर, माचिस, किसी भी तरह के अस्त्र-शस्त्र, शार्पनर, ब्लेड और अन्य कीमती सामान भी परीक्षा केंद्र पर लाने की अनुमति नहीं होगी।

परीक्षा के दौरान पेंसिल, रबर और व्हाइटनर का इस्तेमाल भी पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।

धार्मिक वस्तुओं की सम्मानपूर्वक जांच होगी

हिजाब, पगड़ी, पल्ला, हाथ में बंधे धागे या बंधन तथा ताबीज की जांच सम्मानपूर्वक और सूक्ष्म तरीके से की जाएगी। धार्मिक धागे और महिला परीक्षार्थियों के आभूषण उतारने की आवश्यकता नहीं होगी।

परीक्षा केंद्र में केवल निर्धारित वस्तुएं ही ले जाने की अनुमति रहेगी। इनमें ई-प्रवेश पत्र, वैध फोटो पहचान पत्र, स्याही वाला पेन, आवश्यकता होने पर स्वयं का फोटो, पारदर्शी पानी की बोतल, दिव्यांग परीक्षार्थियों के लिए जरूरी सामग्री तथा ई-प्रवेश पत्र में विशेष रूप से उल्लेखित अन्य सामग्री शामिल है।

मूल फोटो पहचान पत्र जरूरी

परीक्षा में प्रवेश के लिए अभ्यर्थी को निर्धारित मूल फोटोयुक्त पहचान पत्र में से कोई एक प्रस्तुत करना होगा। इनमें मतदाता परिचय-पत्र, आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, आयकर का पैन कार्ड, केंद्र या राज्य सरकार, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, स्थानीय निकाय अथवा अन्य नियोक्ता द्वारा जारी फोटोयुक्त सेवा पहचान-पत्र, पासपोर्ट, फोटो सहित बैंक पासबुक और शिक्षण संस्थान द्वारा जारी फोटो पहचान-पत्र शामिल हैं।

शिक्षण संस्थान में अध्ययनरत परीक्षार्थियों के लिए संस्थान प्रमुख द्वारा अधिकतम तीन वर्ष पूर्व जारी फोटो पहचान-पत्र मान्य होगा। इसके अलावा राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित नवीनतम फोटो परिचय-पत्र भी प्रस्तुत किया जा सकता है। यदि फोटो पहचान पत्र के माध्यम से अभ्यर्थी की पहचान स्पष्ट रूप से प्रमाणित नहीं होती है, तो उसे परीक्षा में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

सहलेखक बदलने की अनुमति नहीं

जिन अभ्यर्थियों को सहलेखक की सुविधा दी गई है, उन्हें परीक्षा के सभी दिनों और सभी पालियों में उसी सहलेखक का उपयोग करना होगा। सामान्य परिस्थितियों में सहलेखक बदलने की अनुमति नहीं होगी। केवल अत्यंत आकस्मिक स्थिति में केंद्राध्यक्ष को प्रमाणित दस्तावेजों के साथ आवेदन करने पर परीक्षा नियंत्रक की अनुमति से सहलेखक बदला जा सकेगा।

उड़नदस्ते रखेंगे परीक्षा पर नजर

परीक्षा की निगरानी के लिए जिले में आवश्यकता के अनुसार उड़नदस्ते गठित किए गए हैं। ये दल परीक्षा के दौरान केंद्रों का निरीक्षण कर व्यवस्था पर लगातार नजर रखेंगे। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाएगा कि किसी भी परीक्षा केंद्र में अनधिकृत व्यक्ति प्रवेश न कर सके, केंद्र के आसपास अनावश्यक भीड़ न जुटे और परीक्षा में अनुचित साधनों का इस्तेमाल न हो।

प्रशासन की ओर से परीक्षा केंद्र और उसके आसपास शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

गजेंद्र ठाकुर
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गजेंद्र ठाकुर

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