CM मेधावी विद्यार्थी योजना में बड़ा बदलाव: अब MBBS की फीस भी भरेगी सरकार, ग्रामीण सेवा पर ब्याजमुक्त ऋण होगा माफ
भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी योजना में अहम संशोधन करते हुए मेडिकल शिक्षा प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को बड़ी राहत दी है। तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार विभाग द्वारा जारी संशोधित आदेश के अनुसार अब इस शैक्षणिक सत्र से एमबीबीएस में प्रवेश लेने वाले पात्र विद्यार्थियों को भी योजना का लाभ मिलेगा।
नई व्यवस्था के तहत मध्यप्रदेश के शासकीय मेडिकल कॉलेजों में निर्धारित अधिकतम फीस के बराबर राशि का भुगतान शासन करेगा। यदि फीस इससे अधिक होती है, तो शेष राशि विद्यार्थियों को ब्याजमुक्त ऋण के रूप में उपलब्ध कराई जाएगी।
सरकार ने इस ऋण को ग्रामीण सेवा से जोड़ दिया है। एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी करने के बाद यदि विद्यार्थी मध्यप्रदेश के निर्धारित ग्रामीण क्षेत्रों में ढाई वर्ष तक सेवा करता है, तो उसके ऋण का 50 प्रतिशत हिस्सा माफ कर दिया जाएगा। वहीं पांच वर्ष की सेवा पूरी करने पर पूरा शेष ऋण समाप्त कर दिया जाएगा।
योजना का लाभ लेने के लिए एमबीबीएस अभ्यर्थियों की नीट ऑल इंडिया रैंक 1.5 लाख के भीतर होना अनिवार्य रहेगा। इसके अलावा आवेदक मध्यप्रदेश का निवासी हो, माता-पिता की वार्षिक आय 8 लाख रुपये से कम हो तथा 12वीं में एमपी बोर्ड से कम से कम 70 प्रतिशत या सीबीएसई/आईसीएसई बोर्ड से 85 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हों।
मुख्यमंत्री मेधावी विद्यार्थी योजना के तहत इंजीनियरिंग, विधि, स्नातक, इंटीग्रेटेड स्नातकोत्तर और पॉलिटेक्निक डिप्लोमा सहित अन्य उच्च शिक्षा पाठ्यक्रम भी शामिल हैं। योजना का लाभ विद्यार्थियों को ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से दिया जाएगा।

