अस्पताल में मरीज के इलाज के दौरान विवाद, डॉक्टर व स्टाफ से अभद्रता और जान से मारने की धमकी का आरोप
सागर। तिली रोड स्थित श्री चैतन्य महाप्रभु हॉस्पिटल प्रबंधन ने गोपालगंज थाना पुलिस को शिकायत देकर मरीज के पति पर चिकित्सकीय कार्य में बाधा डालने, गाली-गलौज, अभद्रता और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। अस्पताल प्रबंधन ने मामले में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत के अनुसार डॉ. अमृता गौर 2 अक्टूबर की शाम करीब 4:15 बजे अस्पताल पहुंचीं। यहां संतोषी पांडे के मुंह में फ्रैक्चर की स्थिति में इलाज के लिए उन्हें ऑपरेशन थिएटर में लिया गया था। प्राथमिक जांच और आवश्यक डॉक्टरी इलाज के बाद अस्पताल की नर्स ने मरीज के परिजन को 700 रुपये परामर्श/इलाज शुल्क की रसीद कटवाने के लिए कहा।
आरोप है कि रसीद की बात सुनकर मरीज के पति कमलेश पांडे बाहर जाने लगे और मरीज संतोषी पांडे भी अपना अधूरा इलाज छोड़कर उनके पीछे जाने लगीं। डॉक्टर ने मरीज को अधूरा इलाज छोड़कर जाने से रोकने और समझाने का प्रयास किया तो मरीज ने उनके साथ अभद्रता करते हुए कथित तौर पर मारने और गाली-गलौज करने की बात कही।
अस्पताल प्रबंधन का आरोप है कि इसके बाद मरीज के पति ने भी चिकित्सकीय कार्य में बाधा डाली, अभद्र भाषा का प्रयोग किया और जान से मारने की धमकी दी।
शिकायत में अस्पताल ने घटना के प्रत्यक्षदर्शियों के रूप में डॉ. अभिषेक जैन, डॉ. कैलाश कुशवाहा, डॉ. दुष्यंत तिवारी, ओपीडी अटेंडर आरती शुक्ला सहित अन्य स्टाफ और मरीजों के परिजनों का उल्लेख किया है।
अस्पताल प्रबंधन ने गोपालगंज थाना पुलिस एवं पुलिस अधीक्षक कार्यलाय में ज्ञापन देते हुए घटना का संज्ञान लेते हुए संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई करने तथा अस्पताल परिसर में डॉक्टरों और स्टाफ की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।








