मकरोनिया में कलेक्टर का निरीक्षण: अस्पताल से राशन दुकान तक व्यवस्थाओं की जांच
सिविल अस्पताल में दवाओं की उपलब्धता और मरीजों की सुविधाओं पर दिए निर्देश, ऑपरेशन थियेटर 15 दिन में शुरू करने को कहा
सागर। मकरोनिया में जन विश्वास शिविर के दौरान कलेक्टर प्रतिभा पाल ने सिविल अस्पताल और शासकीय उचित मूल्य दुकान का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने दोनों स्थानों पर उपलब्ध सुविधाओं, स्टॉक और लोगों को दी जा रही सेवाओं की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
सिविल अस्पताल में दवाओं और स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली
कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने मकरोनिया सिविल अस्पताल पहुंचकर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं, दवाइयों के स्टॉक और मरीजों को मिल रही सेवाओं की जानकारी ली। दवाओं के स्टॉक की स्थिति जानने के लिए संबंधित पंजी का भी अवलोकन किया और ओपीडी व्यवस्था के बारे में जानकारी प्राप्त की।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने निर्माणाधीन कार्यों की प्रगति देखी और ऑपरेशन थियेटर को आगामी 15 दिवस के भीतर शुरू करने के निर्देश दिए। वहीं एएनसी विंग में लापरवाही सामने आने पर स्टाफ नर्स और गायनेकोलॉजिस्ट को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने अस्पताल के अधिकारियों और कर्मचारियों से कहा कि मरीजों के लिए आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता लगातार सुनिश्चित की जाए, ताकि उपचार के दौरान उन्हें किसी प्रकार की परेशानी न हो। साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बनाए रखने और मरीजों को जरूरी सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
इस दौरान कलेक्टर ने अस्पताल में मौजूद माताओं और मरीजों से भी बातचीत की। उन्होंने उपचार और अस्पताल में उपलब्ध अन्य सुविधाओं के संबंध में मरीजों से सीधे जानकारी ली। मरीजों से प्राप्त जानकारी के आधार पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान सीएमएचओ डॉ. देवेश पटैरिया सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
उचित मूल्य दुकान में स्टॉक और वितरण व्यवस्था जांची
इसके बाद कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने मकरोनिया स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान का निरीक्षण किया। उन्होंने दुकान में उपलब्ध खाद्यान्न के स्टॉक की जानकारी लेते हुए स्टॉक बोर्ड देखा और दर्ज स्टॉक तथा वितरण संबंधी विवरण की जांच की।
कलेक्टर ने दुकान संचालक से उपभोक्ताओं को खाद्यान्न वितरण की प्रक्रिया के बारे में जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि पात्र हितग्राहियों को शासन द्वारा निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न समय पर और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने दुकान पर स्टॉक एवं वितरण से संबंधित जानकारी नियमित रूप से अपडेट रखने तथा स्टॉक बोर्ड पर इसे स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए, ताकि उपभोक्ताओं को खाद्यान्न की उपलब्धता और वितरण संबंधी जानकारी आसानी से मिल सके।


