मुख्य विषय-वस्तु पर जाएं (Skip to main content)

घर में अकेली पाकर नाबालिग के साथ बुरा काम, आरोपी को हुई जेल

By: Arjun Sagar
घर में अकेली पाकर नाबालिग के साथ बुरा काम, आरोपी को हुई जेल
Sponsor Ad

घर में अकेली पाकर नाबालिग के साथ बुरा काम, आरोपी को हुई जेल

सागर । नाबालिग के साथ छेड़छाड़ करने वाले आरोपी नीरज अहिरवार को भा.द.वि. की धारा- 354 के तहत 03 वर्ष का सश्रम कारावास एवं एक हजार रूपये अर्थदण्ड तथा पॉक्सों एक्ट की धारा- 7/8 के तहत 03 वर्ष का सश्रम कारावास एवं एक हजार रूपये अर्थदण्ड की सजा से तृतीय अपर-सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पाक्सों एक्ट 2012) नीलम शुक्ला जिला-सागर की अदालत नेे दंडित किया। मामले की पैरवी प्रभारी उप-संचालक (अभियोजन) धर्मेन्द्र सिंह तारन के मार्गदर्शन में सहायक जिला अभियोजन अधिकारी श्रीमती रिपा जैन ने की ।

घटना का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि शिकायतकर्ता/पीड़िता ने दिनॉक 17.8.2023 को थाना में इस आशय की रिपोर्ट लेख कराई कि दिनॉक 16.08.2023 को शाम के समय वह उसके घर के सामने खड़ी थी एवं बाजार से उसकी मॉ के आने का इंतजार कर रही थी तभी अभियुक्त नीरज अहिरवार उसके पास आया और उसके दाहिने हाथ की कलई पकड़कर उसके साथ छेडछाड़ करने लगा वह चिल्लाई तो अभियुक्त उक्त घटना के बारे में किसी को बताने पर उसे व उसके माता-पिता को जान से मारने की धमकी देने लगा। उक्त रिपोर्ट के आधार पर प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया, विवेचना के दौरान साक्षियों के कथन लेख किये गये, घटना स्थल का नक्शा मौका तैयार किया गया अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्रित कर थाना- द्वारा धारा 354,506(भाग-2) भा.दं.सं. एव धारा 7/8 लैंगिक अपराधो से बालको का संरक्षण अधिनियम 2012 का अपराध आरोपी के विरूद्ध दर्ज करते हुये विवेचना उपरांत चालान न्यायालय में पेश किया।अभियोजन द्वारा अभियोजन साक्षियों एवं संबंधित दस्तावेजों को प्रमाणित किया गया एवं अभियोजन ने अपना मामला संदेह से परे प्रमाणित किया। जहॉ विचारण उपरांत तृतीय अपर-सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश (पाक्सों एक्ट 2012) नीलम शुक्ला जिला-सागर की न्यायालय ने आरोपी को दोषी करार देते हुये उपर्युक्त सजा से दंडित किया।

Arjun Sagar
By:

Arjun Sagar

खबर का असर .com (KKA) डिजिटल टीम - निष्पक्ष और सटीक पत्रकारिता के साथ खबरों की ग्‍लोबल अपडेट्स।