रोजगार सहायक के ठिकानों पर लोकायुक्त की दबिश, करोड़ों की संपत्ति का खुलासा
मुरैना। नौ हजार रुपये मासिक वेतन पाने वाले पहाड़गढ़ जनपद की कहारपुरा पंचायत के ग्राम रोजगार सहायक (जीआरएस) रामअवतार धाकड़ के पास करोड़ों की संपत्ति के दस्तावेज, नकदी और जेवर मिलने का दावा लोकायुक्त ने किया है।
रोजगार सहायक विदेश घूमने का भी शौकीन बताया गया है। उसकी दुबई और श्रीलंका यात्राओं के बारे में भी लोकायुक्त टीम जानकारी जुटा रही है। धाकड़ के खिलाफ गांव के लोगों ने जिला पंचायत सीईओ, कलेक्टर से लेकर ईओडब्ल्यू और लोकायुक्त तक में भ्रष्टाचार व आय से अधिक संपत्ति जुटाने की शिकायतें की थीं।
ग्वालियर में किराए के घर में कीमती सामान मिला
शुक्रवार को उसके कैलारस में पहाड़गढ़ रोड पर बने घर, मनोहरपुरा गांव के आलीशान मकान और ग्वालियर के तानसेन नगर की ओम रेसीडेंसी में किराए के फ्लैट पर एक साथ दबिश दी गई। ग्वालियर में किराए के घर से कीमती सामान जब्त किया गया है।
करोड़ों रुपये की संपत्ति का खुलासा
लोकायुक्त को धाकड़ के घरों से ग्वालियर के पुरानी छावनी में एक प्लॉट, कैलारस में दो प्लॉट, खेती की जमीन, 250 ग्राम सोने के गहने, ढाई लाख रुपये नकद, कई बैंक खाते, बीमा निवेश, एक जेसीबी, बोलेरो, ट्रैक्टर-ट्राली, बाइक और स्कूटी के दस्तावेज मिले हैं।
अवैध हथियार भी बरामद
मनोहरपुरा के आलीशान घर से एक अवैध पिस्टल और पांच कारतूस भी बरामद किए गए हैं। बताया जा रहा है कि यह मकान वन विभाग की जमीन पर अतिक्रमण कर बनाया गया है। इसके अलावा, 20 से 25 बीघा सरकारी जमीन पर भी कब्जे की बात सामने आई है।
लोकायुक्त की जांच में मिले संपत्ति के आंकड़े
विदेश यात्राएं – मलेशिया, श्रीलंका, दुबई सहित 15 विदेश यात्राओं के दस्तावेज मिले।
मनोहरपुरा मकान – ₹69,57,671 रुपये मूल्य।
कैलारस मकान – ₹11 लाख रुपये मूल्य।
मनोहरपुरा से जब्त सामान – 249.21 ग्राम सोने के जेवर (मूल्य ₹14,19,605), देसी पिस्टल व पांच कारतूस।
विदेशी सामान – श्रीलंका से लाया डिनर सेट (₹1,21,750), महंगी घड़ियां (₹1.5 लाख से अधिक)।
कैलारस मकान से नकद राशि – ₹2,24,700 रुपये।
चांदी के जेवरात – 907.2600 ग्राम, मूल्य ₹39,925 रुपये।
बैंक जमा – ₹5 लाख की एफडी, ₹2.5 लाख बैंक खातों में जमा।
वाहन – बैकहो लोडर (जेसीबी) ₹28,46,047, बोलेरो ₹4 लाख, स्वराज ट्रैक्टर ₹7,83,802, स्प्लेंडर बाइक ₹56,384।
बीमा पॉलिसी – ₹1,66,140 रुपये मूल्य की।
लोकायुक्त की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है और आय से अधिक संपत्ति के मामले में रोजगार सहायक के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रही है।