चनाटोरिया टोल के पास जली कार में महिला की मौत, पति पर गहराया शक,तीन टीमों की जांच जारी, बयान बदलने पर पुलिस सतर्क….
सागर।जिले के चनाटोरिया टोल प्लाजा के नजदीक शनिवार तड़के एक कार में आग लगने से 38 वर्षीय सीमा पटेल की मौत के मामले ने अब नया मोड़ ले लिया है। शुरुआती तौर पर हादसा माने जा रहे इस प्रकरण में अब पुलिस को साजिश की आशंका नजर आ रही है। जांच के दौरान सामने आई परिस्थितियों और बयानों में लगातार बदलाव के कारण मृतका के पति डॉ. नीलेश पटेल संदेह के घेरे में हैं।
पुलिस के अनुसार, गढ़ाकोटा निवासी डॉ. नीलेश पटेल शनिवार सुबह अपनी पत्नी सीमा और दो कर्मचारियों के साथ कार से सागर आ रहे थे। इसी दौरान चनाटोरिया के पास अचानक वाहन में आग लग गई। कार में मौजूद तीन लोग किसी तरह बाहर निकल आए, लेकिन सीमा पटेल अंदर ही फंस गईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद से ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच का दायरा बढ़ा दिया है। अब तक डॉ. नीलेश पटेल से कई बार पूछताछ की जा चुकी है, लेकिन हर बार उनके बयान में बदलाव सामने आ रहा है, जिससे पुलिस की शंका और गहराती जा रही है।
तीन टीमों को सौंपी गई जांच
मामले की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस ने तीन अलग-अलग टीमें गठित की हैं। एक टीम ने रविवार को डॉ. नीलेश को घटनास्थल पर ले जाकर पूरे घटनाक्रम का पुनर्निर्माण कराया, ताकि उनके बयान और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों का मिलान किया जा सके।
दूसरी टीम ने मृतका के बच्चों से पूछताछ कर घटनाक्रम को समझने की कोशिश की, जबकि तीसरी टीम मायके पक्ष के लोगों के बयान दर्ज करने और कॉल डिटेल खंगालने में जुटी रही।
रिपोर्ट का इंतजार, कई सवाल बाकी
पुलिस अब पोस्टमार्टम और फोरेंसिक जांच रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। इन रिपोर्ट्स से यह स्पष्ट हो सकेगा कि सीमा की मौत आग लगने के बाद हुई या उससे पहले ही उनकी जान जा चुकी थी। साथ ही, यह भी जांच की जा रही है कि सीने में दर्द की जो बात बताई गई थी, वह सही है या भ्रामक।
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
मृतका के पिता राधा चरण पटेल ने इस घटना को साजिश करार दिया है। उनका कहना है कि जब कार में तीन अन्य लोग सुरक्षित बाहर निकल आए, तो उनकी बेटी ही क्यों नहीं बच सकी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके दामाद बार-बार अलग-अलग बातें कह रहे हैं।
सीमा के भाई और बहनोई ने भी डॉ. नीलेश पटेल पर सीधे तौर पर हत्या का आरोप लगाया है।
जांच में सामने आई अहम जानकारी
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि जिस तरफ सीमा बैठी थीं, उसी साइड के आगे और पीछे के दरवाजे लॉक पाए गए। बताया जा रहा है कि उस समय सीमा अचेत अवस्था में थीं। वहीं दूसरी ओर एक कर्मचारी मौजूद था, जबकि कार खुद डॉ. नीलेश चला रहे थे और एक अन्य कर्मचारी आगे की सीट पर बैठा था।
पुलिस का बयान
सानौधा थाना प्रभारी भरत सिंह ठाकुर के मुताबिक, “डॉ. नीलेश पटेल के बयान लगातार बदल रहे हैं। गढ़ाकोटा स्थित उनके घर और घटनास्थल दोनों की जांच की जा चुकी है। फिलहाल उनके बयानों की पुष्टि और साक्ष्यों का मिलान किया जा रहा है।”
फिलहाल यह मामला हादसा है या सुनियोजित अपराध, इसका खुलासा जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।


