आईएमए प्रदेश अध्यक्ष ने ‘भाग्योदय तीर्थ चैरिटेबल ट्रस्ट’ को लिखा पत्र; डॉक्टरों का बकाया भुगतान न होने पर जताई कड़ी आपत्ति
सागर। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) की मध्य प्रदेश राज्य शाखा ने सागर स्थित ‘भाग्योदय तीर्थ चैरिटेबल ट्रस्ट’ को एक औपचारिक पत्र लिखकर डॉक्टरों के लंबित भुगतान और उनके साथ किए गए दुर्व्यवहार पर कड़ा विरोध दर्ज कराया है।
आईएमए मध्य प्रदेश के स्टेट प्रेसिडेंट डॉ. बी.एम. शरणागत द्वारा जारी इस पत्र में डॉक्टर दंपत्ति के अधिकारों के संरक्षण की मांग की गई है।
बकाया भुगतान का मामला: पत्र के अनुसार, डॉ. सर्वेश जैन और डॉ. रुपाली जैन द्वारा दी गई सेवाओं (मेडिकल फीस और एनेस्थीसिया फीस) का भुगतान लंबे समय से लंबित है।
दुर्व्यवहार की शिकायत: डॉक्टर दंपत्ति ने शिकायत की है कि संस्थान में उनके साथ किया गया व्यवहार संतोषजनक नहीं था, जिसे आईएमए ने ‘अत्यंत खेदजनक’ बताया है।
संस्था का रुख: डॉ. शरणागत ने स्पष्ट किया कि आईएमए अपने सदस्यों के अधिकारों और सम्मान की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों को उनकी सेवाओं का उचित पारिश्रमिक और सम्मानजनक कार्य वातावरण मिलना उनका मूल अधिकार है।
आईएमए की मांगें
आईएमए ने ट्रस्ट के प्रबंध न्यासी (मैनेजिंग ट्रस्टी) से निम्नलिखित अनुरोध किए हैं:
संबंधित डॉक्टरों का पूरा बकाया भुगतान तत्काल किया जाए।
भविष्य में चिकित्सकों के प्रति सम्मानजनक और सहयोगात्मक व्यवहार सुनिश्चित हो।
इस पूरे प्रकरण का समाधान सौहार्दपूर्ण वातावरण में जल्द से जल्द निकाला जाए।
“चिकित्सकों द्वारा प्रदान की गई सेवाओं का उचित पारिश्रमिक एवं सम्मानजनक कार्य वातावरण उनका मूल अधिकार है।” — डॉ. बी.एम. शरणागत (स्टेट प्रेसिडेंट, IMA M.P.)


