सागर में होलिका का नया अंदाज, आकर्षण का केंद्र बना
सागर जिले के देवरी के शिक्षा सदन चौराहे पर इस बार होलिका दहन का आयोजन कुछ खास अंदाज में किया जा रहा है। महाकाली गणेश उत्सव समिति द्वारा बनाई गई यह प्रतिमा इस बार सोशल मीडिया पर जमकर चर्चा का विषय बनी हुई है। इस बार की होलिका की प्रतिमा में भक्त प्रहलाद की बुआ होलिका को नये मॉडल के रूप में प्रस्तुत किया गया है, जिसमें वह हाथ में मोबाइल और छाता लिए हुए नजर आ रही हैं।
विशेष आकर्षण का केंद्र
इस अनोखी प्रतिमा को जबलपुर की तर्ज पर तैयार किया गया है।
समिति के सदस्य राहुल नामदेव और गोलू मिश्रा के अनुसार, इस बार की प्रतिमा को विशेष रूप से डिजाइन किया गया है।
प्रतिमा के साथ भक्त प्रहलाद की भी प्रतिमा प्रदर्शित की गई है।
17 वर्षों की परंपरा
महाकाली गणेश उत्सव समिति द्वारा शिक्षा सदन चौराहे पर पिछले 17 वर्षों से होलिका दहन का आयोजन किया जा रहा है।
समिति के सदस्य बताते हैं कि इस आयोजन की शुरुआत 2008 में हुई थी और यह परंपरा आज भी जारी है।
समारोह की विशेषताएँ
इस आयोजन में बड़ी संख्या में लोग शामिल होते हैं और विधिवत पूजन-अर्चना के बाद रात्रि में होलिका दहन किया जाता है।
इस आयोजन की तैयारी लगभग 20 से 30 स्थानों पर होती है, लेकिन शिक्षा सदन चौराहे पर होने वाला दहन सबसे बड़ा माना जाता है।
समिति के प्रमुख सदस्य: राहुल नामदेव, दीपक नामदेव, राम अवतार प्रजापति, गोलू मिश्रा, विक्की नामदेव, अमित रैकवार, बंटी खत्री, उमेश सेन, सोनू सावलानी, पवन लखेरा, अमर नामदेव और हर्ष नामदेव श्याम बिहारी सेन नितिन ठाकुर पमपम कटारी।
इस बार की होलिका दहन की विशेषता यह है कि यह आधुनिकता और परंपरा का मिलाजुला रूप प्रस्तुत करता है, जो इसे और भी खास बनाता


