MP का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व बनेगा चीतों का घर, सॉफ्ट रिलीज बोमा का निर्माण शीघ्र आरंभ
सागर। मध्य प्रदेश का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व, वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व (नौरादेही), चीतों के पुनर्वास के लिए तैयार है। वन मंडल अधिकारी वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व (नौरादेही) ने बताया कि चीता परियोजना के तहत, Soft Release Boma (SRB) निर्माण कार्य की निविदा प्रक्रिया पूर्ण कर ली गयी है। शीघ्र ही Soft Release Boma (SRB) का निर्माण कार्य प्रारम्भ कर दिया जाएगा।
जानिए क्या होते है सॉफ्ट रिलीज बोमा
बोमा अफ्रीकी तकनीक है। जिसका उपयोग वन्यजीवों को पकड़ने और स्थानांतरित करने में किया जाता है। बोमा का उपयोग चीता पुनर्वास परियोजना में किया जा रहा है। यह एक विशेष, सुरक्षित और बड़ा घेरा या बाड़ा होता है, जिसका उपयोग अफ्रीका से लाए गए चीतों को भारत के नए माहौल में ढलने (अनुकूलन), स्वास्थ्य जांच, शिकार के लिए प्रशिक्षित करने और सॉफ्ट रिलीज (स्वतंत्र छोड़ने से पहले) के लिए किया जाता है।
बोमा (बाड़े) में आने वाले चीतों को छोड़ा जाएगा। यहां चीतों के स्वास्थ्य की निगरानी की जाएगी। सीसीटीवी कैमरों से उनकी हर हरकत पर नजर रखी जाएगी। इस दौरान उन्हें नए परिवेश और वातावरण के साथ तालमेल बिठाने में मदद मिलती है। यह फनल आकार का बाड़ा घास और हरे जालों से बना होता है, जो चीतों को तनाव-मुक्त रखने में मदद करता है।


