मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के द्वारा जल सुरक्षा जल संरक्षण जल सुनवाई ऐप लांच किया गया
सागर। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने शनिवार को वर्चुअल माध्यम से प्रदेशस्तरीय बैठक लेकर जल सुरक्षा कार्यों की समीक्षा की और आवश्यक निर्देश दिये। वर्चुअल बैठक में सागर कलेक्टरेट सभाकक्ष से जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विवेक के वी, नगर पालिक निगम आयुक्त राजकुमार खत्री, सीएमएचओ ममता तिमोरे, सहित अन्य विभागों के अधिकारी और जनप्रतिनिधिगण शामिल हुए। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के कारकमलों द्वारा “जल सुरक्षा जल संरक्षण जल सुनवाई ऐप” लांच किया गया। इस ऐप के माध्यम से प्रदेश की पेयजल सप्लाई व्यवस्था की बेहतर मॉनिटरिंग की जा सकेगी।
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा की आज दिनांक 10 जनवरी से 28 फ़रवरी तक अभियान चलाकर प्रथम चरण में प्रदेश के समस्त भू-जल और सतही जल स्रोतों की गुणवत्ता की जाँच कर सुनिश्चित किया जायेगा की पानी पीने योग्य है या नहीं। समस्त जल शोधन संयंत्र, पानी संग्रहण टंकी, वितरण प्रणाली की सघन जाँच की जाएगी और इनकी साफ-सफाई कर इस अभियान को स्वच्छ भारत मिशन से भी जोड़ा जायेगा। इसी क्रम में इस अभियान का दूसरा चरण 3 मार्च से 31 मई 2026 तक चलेगा। हर मंगलवार को जन सुनवाई के साथ में जल सुनवाई का आयोजन किया जायेगा जहाँ नागरिक अपनी जल संबंधी समस्याओं को प्रस्तुत कर सकेंगे और इन शिकायतों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जायेगा। वार्ड, मुहल्ला व पंचायत स्तर पर समितियां और नियमित बैठक हो। नागरिकों को बेहतर पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित कराने में हम जनप्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण भूमिका होनी चाहिए। क्योंकि हम नागरिकों के बीच से ही चुनकर आते हैं। विगत दिनों इंदौर में हुई घटना प्रदेश और देश में आगे कभी न हो इसके लिए हमें प्रत्येक बिंदु पर गहन निरीक्षण और निगरानी करना है।
हमारे देश के मान.प्रधानमंत्री श्रीमान नरेन्द्र मोदी जी से प्रेरणा लेकर तकनिकी समाधानों को हम मध्यप्रदेश में भी अपना रहे हैं। नागरिकों को बेहतर सेवाएं मिलें उनका जीवन आनंदमय बने इसके लिए लगातार तकनीकी अपनाते हुए विकास कार्य किये जा रहे है। आप सभी अपने क्षेत्र में लगातार मॉनिटरिंग करें। उन्होंने अधिकारीयों को निर्देशित करते हुए कहा की नागरिकों को नगरीय निकायों के माध्यम से सप्लाई होने वाले पेयजल से लेकर घरेलु जल स्रोतों की भी निर्धारित समय पर जाँच करें और सुनिश्चित करें की सभी प्रकार के प्रदूषण से मुक्त स्वच्छ पेयजल नागरिकों को पीने हेतु उपलब्ध हो। जल शोधन संयन्त्र से निकल कर पेयजल नागरिकों के घर के नल में पहुंचने तक स्वच्छ रहे और स्वच्छ पेयजल नागरिक उपयोग में लें इसके लिए आवश्यक जाँच उपकरण जल शोधन संयन्त्र के डिस्चार्ज पॉइंट पर अनिवार्य रूप से लगाएं और जाँच किटों के माध्यम से पेयजल की जाँच नागरिकों के घरों पर भी करें। हमारी सरकार का संकल्प प्रदेश के सभी वासियों को स्वच्छ स्वस्थ्य और आनंदमय जीवन शैली प्रदान करना है।
ऐप के माध्यम से होगी प्रदेश की पेयजल सप्लाई व्यवस्था की निगरानी
प्रदेश के सभी निकायों में पानी सप्लाई पाईपलाइन और सीबर पाईप लाइन आदि की मेपिंग कर अपलोड की जाएगी। पेयजल टंकियों की सफाई सहित अन्य कार्यों की बिफोर आफ्टर फोटो अपलोड की जा सकेंगी। इनके आधार पर मॉनिटरिंग कर आगामी सफाई का दिन व समय निर्धारण निश्चित किया जा सकेगा। नागरिकों को अपने आस-पास पेयजल सप्लाई व्यवस्था की सम्पूर्ण जानकारी उपलब्ध करायी जाएगी। ताकि आवश्यकता पड़ने पर वे भी निगरानी में सहयोग कर सकें और अपने क्षेत्र में बेहतर गुणवत्ता का पेयजल प्राप्त होना सुनिश्चित कर सकें।

