मुख्य विषय-वस्तु पर जाएं (Skip to main content)

चुनाव लड़ने पर आजीवन प्रतिबंध नहीं. दोषी राजनेताओं पर केंद्र सरकार का सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा

रिपोर्ट: खबर का असर
शेयर करें:WhatsAppFacebookX (Twitter)
चुनाव लड़ने पर आजीवन प्रतिबंध नहीं. दोषी राजनेताओं पर केंद्र सरकार का सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा
Sponsor Ad

चुनाव लड़ने पर आजीवन प्रतिबंध नहीं. दोषी राजनेताओं पर केंद्र सरकार का सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा

सुप्रीम कोर्ट ने पिछले दिनों केंद्र सरकार से जवाब मांगा था कि क्या दोषी सांसदों और विधायकों के चुनाव लड़ने पर हमेशा के लिए बैन लगना चाहिए. इस मामले पर अब केंद्र सरकार की तरफ से हलफनामा दाखिल किया गया है। जवाब में बताया गया कि आपराधिक मामले में दोषी राजनेताओं के सजा काटने के बाद उन्हें आजीवन चुनाव लड़ने से प्रतिबंधित नहीं किया जा सकता है.

जवाब में बताया गया कि संसद ने स्थितियों को ध्यान में रखकर व्यवस्था तय की है. सदन से किसी को अयोग्य करार देने की स्थितियां भी स्पष्ट हैं. याचिकाकर्ता की तरफ से दाखिल याचिका में विभिन्न पहलुओं को अस्पष्ट तौर पर पेश किया गया है. केंद्र सरकार ने 2016 में दाखिल याचिका को खारिज करने की मांग सुप्रीम कोर्ट से की है.

सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर सरकार और चुनाव आयोग से जवाब तलब करते हुए कहा था कि अगर किसी सरकारी कर्मचारी को दोषी ठहराया जाता है तो वह जीवन भर के लिए सेवा से बाहर हो जाता है, फिर दोषी व्यक्ति संसद में कैसे लौट सकता है? कानून तोड़ने वाले कानून बनाने का काम कैसे कर सकते हैं?

खबर का असर
लेखक

खबर का असर

खबर का असर .com (KKA) डिजिटल टीम - निष्पक्ष और सटीक पत्रकारिता के साथ खबरों की ग्‍लोबल अपडेट्स।